राजीव कपूर का निधन, नहीं किया था पिता राज कपूर का अंतिम संस्कार | Rajiv Kapoor dies at 58, dint attend father Raj Kapoor’s funeral

राजीव कपूर का निधन, नहीं किया था पिता राज कपूर का अंतिम संस्कार | Rajiv Kapoor dies at 58, dint attend father Raj Kapoor's funeral


प्रेम रोग का अफेयर

राजीव कपूर ने अपने करियर की शुरूआत की थी असिस्टेंट डायरेक्टर के तौर पर। उन्होंने 1982 में प्रेम रोग में राज कपूर को असिस्ट किया और इस दौरान उनके और फिल्म की हीरोइन पद्मिनी कोल्हापुरी के बीच नज़दीकियां बढ़ती चली गईं। लेकिन राज कपूर को ये नज़दीकियां पसंद नहीं आई।

दूर हो गईं पद्मिनी

दूर हो गईं पद्मिनी

राज कपूर ने पद्मिनी कोल्हापुरी से साफ बात करते हुए कहा कि अगर उन्हें फिल्म की हीरोइन बनना है तो उनके बेटे से दूर रहें वरना अगले दिन से शूटिंग पर ना आएं। पद्मिनी कोल्हापुरी ने अपना करियर चुना और राजीव से दूर हो गईं।

नहीं बनाई डेब्यू फिल्म

नहीं बनाई डेब्यू फिल्म

राज कपूर ने अपने दोनों बच्चे – रणधीर कपूर और ऋषि कपूर को RK बैनर के तले लॉन्च किया। जहां रणधीर कपूर ने खुद को कल, आज और कल में डायरेक्ट किया वहीं ऋषि कपूर के लिए राज कपूर ने बॉबी बनाई। लेकिन राजीव कपूर को RK बैनर ने लॉन्च नहीं किया।

राज कपूर का साफ जवाब

राज कपूर का साफ जवाब

राजीव कपूर ने अपना डेब्यू किया एक जान हैं हम नाम की फिल्म के साथ। इस फिल्म को डायरेक्ट किया था राजीव मेहरा ने। राज कपूर ने उन्हें लॉन्च ना करने के बारे में बात करते हुए एक इंटरव्यू में कहा था – मैं अपने बच्चों के लिए अच्छी फिल्में नहीं बना पाता।

राम तेरी गंगा मैली का संयोग

राम तेरी गंगा मैली का संयोग

राजीव कपूर ने 1985 में RK बैनर की फिल्म राम तेरी गंगा मैली में मंदाकिनी के अपोज़िट काम किया। इस फिल्म को डायरेक्ट किया था खुद राज कपूर ने। इस फिल्म के लिए राज कपूर को बेस्ट डायरेक्टर का अवार्ड भी मिला और राजीव कपूर के करियर की ये पहली और इकलौती हिट फिल्म थी।

ऋषि कपूर के साथ बननी थी फिल्म

ऋषि कपूर के साथ बननी थी फिल्म

संयोग से राम तेरी गंगा मैली, ऋषि कपूर के साथ बननी थी। लेकिन जब राज कपूर की फिल्म मेरा नाम जोकर फ्लॉप हो गई तो उन्होंने राम तेरी गंगा मैली ना बनाकर बॉबी बनाने का निर्णय लिया और ये फिल्म उस वक्त ठंडे बस्ते में चली गई थी।

रातों रात बने सुपरस्टार

रातों रात बने सुपरस्टार

बाद में जब राम तेरी गंगा मैली बननी शुरू हुई तो ये राजीव कपूर के हाथ आई। इस फिल्म ने राजीव कपूर को रातों रात स्टार तो बना दिया लेकिन फिर भी फिल्म की सफलता का श्रेय उनके हाथ नहीं गया जिससे वो अपने पिता से नाराज़ हो गए।

मंदाकिनी को मिली सारी लाइमलाइट

मंदाकिनी को मिली सारी लाइमलाइट

राम तेरी गंगा मैली की सारी लाइमलाइट मिली फिल्म की हीरोइन मंदाकिनी को। कारण था झरने के नीचे झीनी सी सफेद साड़ी में नहाती हुई मंदाकिनी का एक बोल्ड सीन। इस वजह से फिल्म काफी ज़्यादा फेमस हुई। और सारी लाइमलाइट भी मंदाकिनी को मिली।

पिता से की थी एक गुज़ारिश

पिता से की थी एक गुज़ारिश

राजीव कपूर ने बाद में अपने पिता से गुज़ारिश भी की और कहा कि एक ऐसी फिल्म बनाए जिसके हीरो राजीव हों और केवल हीरो ही फिल्म की लाइमलाइट छीने। हालांकि, राजीव की बातों को राज कपूर अनसुना करते गए और उन्हें किसी फिल्म में काम नहीं दिया।

असिस्टेंट का मिला काम

असिस्टेंट का मिला काम

इसके बाद राज कपूर ने राजीव कपूर को RK बैनर की फिल्मों में असिस्टेंट का काम दे दिया और राजीव को ये बात नागवार गुज़री। उनके और राज कपूर के बीच के रिश्ते की खाई बढ़ती चली गई और वो कभी कम नहीं हो पाई।



Source link

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *